BILASPUR: मलेरिया प्रभावित गांवों में भेजे गए मोबाइल मेडिकल वाहन, घुम-घुमकर करेगा जांच और ईलाज, बेलगहना और सिलपहरी में 300 लोगों की हुई जांच, कलेक्टर रोज कर रहे मॉनिटरिंग….

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) जिले में बढ़ रही मलेरिया व डायरिया को काबू में रखने के लिए कलेक्टर अवनीश शरण ने शहरी क्षेत्र से मोबाइल मेडिकल वाहन को गावों के लिए रवाना किया। इसमें डॉक्टर, नर्स सहित पर्याप्त मात्रा में दवाइयां और जांच किट मौजूद हैं। ज्यादा प्रभावित और संवेदशील ग्रामों में शिविर लगाकर लोगों की जांच और मुफ्त दवाइयां बांटी जा रही हैं।

सीएमएचओ डॉ. प्रभात श्रीवास्तव ने बताया कि मोबाइल मेडिकल वाहन कोटा ब्लॉक के बेलगहना और केंदा के सिलपहरी गांव में पहुंचा। दोनों जगहों में लगे स्वास्थ्य शिविर में 200 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। 126 लोगों में मलेरिया की जांच की गई। जिनमें दो लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई, उन्हें सिम्स में रेफर किया गया है। गांवों में जनचौपाल लगाकर ग्रामीणों को लगातर मलेरिया और डायरिया बीमारी के संबंध में जागरूक किया जा रहा है। ग्रामीणों को समझाइश दी जा रही है, कि स्वास्थ्य संबंधी किसी भी प्रकार की समस्या होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर अपना ईलाज कराएं। झाड़ फूक अथवा झोला छाप डॉक्टरों के चक्कर में न पड़ें। प्रशासन के दबाव के चलते झोला छाप डॉक्टर दुकान बंद कर गायब हो रहे हैं।

मोबाइल मेडिकल वाहन: 21 और 22 को इन 8 गांवों में लगाएंगे शिविर….
मलेरिया प्रभावित ग्रामों में स्वास्थ्य शिविर लगाने मोबाइल वाहन का दो दिन (21 और 22 जुलाई) का दौरा कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। एक वाहन एक दिन में दो ग्रामों में शिविर लगाएंगे। स्वास्थ्य विभाग की डीपीएम पीयुली मजूमदार ने बताया कि 21 जुलाई को एक वाहन पहली पाली में मझगवां व दूसरी पाली में केंदादार और दूसरा वाहन पहली पाली में केंदामुड़ा व दूसरी पाली में बेलगहना में स्वास्थ्य जांच शिविर लगाएंगे। दूसरे दिन 22 जुलाई को पहला वाहन बिटकुली और दूसरी पाली में करवा तथा दूसरा वाहन मोहली और आमागोहन में शिविर लगाएंगे। इन मेडिकल वाहनों में डॉक्टर, नर्स सहित दवाइयां व जांच की सुविधा भी होगी।


















