शादी के कार्ड के नाम पर साइबर ठगी का नया खेल: APK फाइल खोलते ही खतरे में बैंक खाता, एक क्लिक में मोबाइल हो सकता है हैक!

बलौदाबाजार: (प्रांशु क्षत्रिय) साइबर अपराधी लोगों को ठगी का शिकार बनाने के लिए लगातार नए-नए तरीके अपना रहे हैं। अब ठगों ने शादी के निमंत्रण पत्र (वेडिंग कार्ड) को अपना नया हथियार बना लिया है। बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने लोगों को सतर्क करते हुए बताया है कि व्हाट्सएप और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भेजे जा रहे फर्जी डिजिटल वेडिंग कार्ड के जरिए मोबाइल हैक कर बैंक खातों से रकम उड़ाई जा रही है। पुलिस के अनुसार, ठग किसी अनजान या हैक किए गए परिचित नंबर से शादी का निमंत्रण भेजते हैं और साथ में “Wedding_Card.apk” या “Invitation.apk” जैसी फाइल अटैच करते हैं। जैसे ही कोई व्यक्ति इस फाइल को डाउनलोड और इंस्टॉल करता है, उसके मोबाइल में मैलवेयर सक्रिय हो जाता है। इसके जरिए साइबर अपराधी मोबाइल में मौजूद एसएमएस, ओटीपी और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी हासिल कर लेते हैं और खाते से पैसे निकाल लेते हैं। पुलिस ने लोगों को सलाह दी है कि किसी भी .apk फाइल को डाउनलोड न करें। असली डिजिटल निमंत्रण पत्र आमतौर पर पीडीएफ, फोटो या वीडियो फॉर्मेट में भेजे जाते हैं। यदि किसी परिचित के नाम से ऐसा संदेश प्राप्त हो तो पहले फोन कर उसकी पुष्टि जरूर करें। साथ ही अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और मोबाइल की “Install Unknown Apps” सेटिंग को हमेशा बंद रखें। यदि गलती से ऐसी फाइल डाउनलोड हो जाए तो तुरंत इंटरनेट बंद करें, मोबाइल को फैक्ट्री रीसेट करें और बैंक को सूचित करें। पुलिस ने कहा है कि साइबर ठगी का शिकार होने पर तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि इस तरह के संदेशों के प्रति सतर्क रहें और अपने परिवार, रिश्तेदारों तथा मित्रों को भी जागरूक करें।कैप्शन: “एक छोटी सी सावधानी आपको बड़े आर्थिक नुकसान से बचा सकती है।”
