बिलासपुर; ईरान-इजराइल जंग का असर..कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की सप्लाई पर ब्रेक, होटल-रेस्टोरेंट और शादी समारोहों पर पड़ सकता है असर!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) मध्य-पूर्व में ईरान, अमेरिका और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव का असर अब वैश्विक ऊर्जा बाजार के साथ-साथ देश में एलपीजी गैस की आपूर्ति पर भी दिखाई देने लगा है। पेट्रोलियम कंपनियों ने पहले ही संकेत दे दिए हैं कि आने वाले दिनों में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की सप्लाई प्रभावित हो सकती है। इसे देखते हुए गैस एजेंसियों और डिस्ट्रीब्यूटरों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। जिससे हालात बिगड़ने की स्थिति बनते दिखाई दे रही। कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिलने से होटल-रेस्टोरेंट व शादी इत्यादि समारोह पर बड़ा असर पड़ने की आंशका देखी जा रही है। अस्पताल, स्कूल और छात्रावास जैसे जनहित संस्थानों को गैस आपूर्ति में प्राथमिकता दी जाएगी। जानकारी के अनुसार फिलहाल गैस एजेंसियों के पास उपलब्ध स्टॉक के आधार पर ही होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, कैटरिंग व्यवसाय और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सिलेंडर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। लेकिन यदि मौजूदा स्टॉक समाप्त हो जाता है, तो नई खेप आने में देरी की संभावना जताई जा रही है। इससे खानपान से जुड़े व्यवसायों के सामने संचालन की समस्या खड़ी हो सकती है। गैस एजेंसी से जुड़ सूत्रों की माने तो ऑयल कंपनियों की ओर से मौखिक और मैसेज के माध्यम से निर्देश दिए गए हैं कि फिलहाल कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई सीमित रखी जाए। अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों को देखते हुए कंपनियां घरेलू उपभोक्ताओं की जरूरतों को प्राथमिकता दे रही हैं।
करने पड़ेंगे वैकल्पिक इंतजाम….
कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर का सबसे अधिक उपयोग होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, कैटरिंग और मैरिज गार्डन में होता है। ऐसे में सप्लाई प्रभावित होने की स्थिति में इन व्यवसायों पर सीधा असर पड़ सकता है। व्यवसायियों का कहना है कि होली के बाद शादी समारोहों का सीजन शुरू हो चुका है और खरमास से पहले कई शादियों के मुहूर्त बचे हैं। यदि गैस की सप्लाई में कमी आती है तो बड़े स्तर पर आयोजित होने वाले शादी समारोहों और पार्टियों की व्यवस्थाओं पर असर पड़ सकता है। कैटरिंग व्यवसाय से जुड़े लोगों को वैकल्पिक इंतजाम करने पड़ सकते हैं।
कम खपत वाले व्यंजनों पर फोकस……
कुछ रेस्टोरेंट संचालकों का कहना है कि यदि स्थिति लंबी चली तो मेन्यू में बदलाव करना पड़ सकता है। गैस की खपत कम करने के लिए ऐसे व्यंजन कम किए जा सकते हैं जिनमें ज्यादा गैस की जरूरत होती है। वहीं, स्ट्रीटफूड वाले कारोबारियों को भारी समस्या का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा व्यंजनों के दामों में भी वृद्धि हो सकती है।
घरेलू सिलेंडर की बुकिंग 25 दिन बाद…..
कंपनियों ने घरेलू गैस उपभोक्ताओं से भी संयम बरतने की अपील की है। प्रशासन के अनुसार अब घरेलू एलपीजी सिलेंडर की अगली बुकिंग 25 दिनों के अंतराल के बाद ही की जा सकेगी। अधिकारियों का कहना है कि कई बार उपभोक्ता जरूरत से पहले ही सिलेंडर बुक कर लेते हैं, जिससे सप्लाई सिस्टम पर अनावश्यक दबाव पड़ता है। इस व्यवस्था का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि गैस की उपलब्धता सभी उपभोक्ताओं तक संतुलित तरीके से पहुंच सके।
आज कलेक्टर लेंगे जरूरी बैठक……
गैस सिलेंडर को लेकर आ रही समस्याओं के संबंध में कलेक्टर संजय अग्रवाल ने बुधवार को तेल कंपनियों के अधिकारियों और जिले की सभी 45 गैस एजेंसियों के संचालकों की बैठक बुलाई है। माना जा रहा कि, यह बैठक बेहद अहम होने वाली है। जिसके बाद ही गैस सिलेंडर को लेकर वर्तमान स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकेगा।
रिफलिंग और बाॅटलिंग को रोका गया…….
मिली जानकारी के अनुसार अभी सिर्फ घरेलू सिलेंडरों की ही बॉटलिंग की जा रही है और उसे प्राथमिकता में रखते हुए भेजा जा रहा है। जबकि, कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई कंपनियों ने रोक दी है।
कालाबाजारी की आशंका भी बढ़ी…..
कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई सीमित होने की स्थिति में कालाबाजारी की आशंका भी जताई जा रही है। कुछ व्यवसायिक प्रतिष्ठान घरेलू सिलेंडर का उपयोग करने की कोशिश कर सकते हैं, जो नियमों के खिलाफ है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि इस तरह की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
अमृत कुजूर, खाद्य नियंत्रक, खाद्य विभाग…..
प्रशासन हर स्थिति -परिस्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। आम उपभोक्ताओं को किसी भी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। इसे लेकर पेट्रोलिंग कंपनियों और गैस एजेंसियों की बैठक भी बुलाई गई है।
