वित्त बजट 2026 घोर निराशाजनक, प्रदेश को पीछे ले जाने वाला: सिद्धांशु मिश्रा..किसान, मजदूर और मध्यम वर्ग की अनदेखी का आरोप!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा ने राज्य सरकार के वित्त वर्ष 2026-27 के बजट को घोर निराशाजनक बताते हुए कहा कि यह “संकल्प का नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ को पीछे ले जाने वाला बजट” है। मिश्रा ने कहा कि बजट में खेतिहर किसानों, मजदूरों और शहरी मध्यम वर्ग के लिए कोई ठोस प्रावधान नजर नहीं आता। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विकास के बड़े दावे कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर योजनाओं का स्पष्ट खाका प्रस्तुत नहीं किया गया है। शहर अध्यक्ष ने कहा कि जहां अन्य राज्य अपने प्रमुख शहरों को मेट्रो शहरों से जोड़ने और एयरपोर्ट विस्तार पर जोर दे रहे हैं, वहीं बिलासपुर एयरपोर्ट में उड़ानों की संख्या घटती जा रही है। बिलासपुर, अंबिकापुर और जगदलपुर एयरपोर्ट अधोसंरचना के लिए मात्र 80 करोड़ रुपये का प्रावधान यहां की जनता के साथ छलावा है। सिद्धांशु मिश्रा ने बजट में प्रदेश की जीडीपी 6.30 लाख करोड़ से 7.10 लाख करोड़ करने और राजकोषीय घाटा 2.87 प्रतिशत तक सीमित करने के लक्ष्य को “कोरा जुमला” करार दिया। उनका कहना है कि इन लक्ष्यों को हासिल करने के लिए सरकार के पास कोई ठोस रणनीति नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार आबकारी राजस्व बढ़ाने के लिए ड्राई डे कम करने और प्रदेश की जल, जंगल, जमीन को उद्योगपतियों को सौंपने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
AI और स्टार्टअप पर भी तंज……
मिश्रा ने कहा कि एआई और स्टार्टअप को बढ़ावा देने की बात बजट में की गई है, लेकिन इसके लिए ठोस कार्ययोजना का अभाव है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पूरा बजट “हवा महल” जैसा प्रतीत होता है। अंत में उन्होंने कहा कि यह बजट प्रदेश की संपदा को निजी हाथों में सौंपने, जनता की सुरक्षा की अनदेखी करने और किसान तथा मध्यम वर्ग को भगवान भरोसे छोड़ने वाला है।


















