NTPC सीपत आ रही थी अवैध उत्खनन की मिट्टी… बाईक सवार को ले ली चपेट….!! छीन गई 7 बच्चों की मुस्कान, जानिए पुरा मामला…..??


सीपत:- (प्रांशु क्षत्रिय) क्षेत्र में अवैध उत्खनन का कार्य जोरो पर हैं, अवैध उत्खनन से मिटटी भरकर एनटीपीसी सीपत में चलने वाली हाईवा गाडी से एक बार फिर सीपत गुड़ी मार्ग में हादसा हो गया हैं, जिसमे एक राहगीर की मौके पर ही मौत हो गई हैं। सीपत पुलिस हाईवा जप्त कर मामले की जांच में जुट गई हैं।

सीपत पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार सोमवार को ग्राम खाड़ा निवासी जीवन दास मानिकपुरी पिता स्व. गेला दास मानिकपुरी उम्र 45 वर्ष अपने दोस्त नरेश केंवट के साथ अपने दोस्त के लिए नए बाइक खरीदने गणेश मोटर्स सीपत आये हुए थे। बाइक खरीदने के बाद दोपहर लगभग 2 बजे जब जीवन एवं नरेश वापस घर को लौट रहे थे, तभी सामने से तेज रफ़्तार से बड़ी गाडी को ओवरटेक करते आ रहे, हाईवा वाहन क्रमांक सीजी 12 एमबी 4235 के चालक ने जीवन की बाइक को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे जीवन दास मानिकपुरी की मौके पर ही मौत हो गई और वही साथ में बाइक पर सवार नरेश घायल हो गया, जिसकी सुचना मिलते ही सीपत पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और चक्काजाम कर रहे ग्रामीणों को समझाईश देकर मामले की जांच में जुट गई और वही काफी मसक्कत के बाद देर शाम सीपत पुलिस की टीम ने उक्त हाईवा को जप्त कर लिया हैं।

अवैध उत्खनन की मिटटी एनटीपीसी ला रही थी हाईवा–
सीपत थाना प्रभारी नरेश कुमार चौहान ने बताया कि इस घटना में जिस हाइवे ने बाइक सवारों को अपने चपेट में लिया, वह गुड़ी के मोदी कृषि फार्म के पास से अवैध उत्खनन की मिटटी एनटीपीसी सीपत के वाटर डेम नंबर 2 में खाली करने जा रहा था।
7 बच्चो के सिर से उठा पिता का साया-
बता दे इस घटना में जिस जीवन मानिकपुरी की मौके पर ही मौत हो गई, वह 5 लड़कियों व 2 लड़के का पिता था, जो ग्राम खाडा के ही राईस मिल में रोजी मजदूरी कर बच्चों का भरण पोषण करता था, जीवन के जाने के बाद उन 7 बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया हैं।

इन पुलिसकर्मियों ने दिया मानवता का परिचय-
हाईवे की चपेट से जीवन मानिकपुरी के शरीर के कमर से ऊपर का हिस्सा जब पूरी तरह से कुचला हुआ और खून से लथपथ था, तब उसे देखने हजारों चेहरे सामने आए, लेकिन उसे उठाकर जब गाड़ी में रखने की बात आई, तब एक भी चेहरे सामने नहीं आए। तब इन पुलिसकर्मियों में थाना प्रभारी नरेश कुमार चौहान, प्रधान आरक्षक उमाशंकर राठौर, आरक्षक प्रदीप सोनी, धर्मेन्द्र कश्यप, मुकेश सूर्यवंशी, विनोद यादव, शिवराम नेताम, नीलेश प्रधान और मूरित बघेल ने मानवता का परिचय देते हुऎ खून से लथपथ शरीर को उठाकर गाड़ी में रखा। इन्हीं सराहनीय कार्यों से पुलिसकर्मियों की कार्य कुशलता का अंदाजा लगाया जा सकता हैं।

