सुखदेव भगत के बस्तर दौरे पर मंत्री केदार का हमला : बोले- कांग्रेस ने कभी नहीं की बस्तर की चिंता
छत्तीसगढ़ में कांग्रेस प्रभारी सुखदेव भगत के बस्तर दौरे पर मंत्री केदार कश्यप ने कांग्रेस पर निशाना साधा। बाढ़ मुआवजा, वनतारा और धर्मांतरण के मुद्दे पर भी बयान दिया....


रायपुर। छत्तीसगढ़ कांग्रेस के नए प्रदेश प्रभारी सुखदेव भगत के बस्तर दौरे को लेकर प्रदेश में सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। वन एवं पर्यावरण मंत्री केदार कश्यप ने भगत के दौरे को लेकर कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सुखदेव भगत का छत्तीसगढ़ में स्वागत है, लेकिन बस्तर में कांग्रेस ने कभी यहां के लोगों और उनकी समस्याओं की वास्तविक चिंता नहीं की।
कांग्रेस ने बस्तर के साथ किया सौतेला व्यवहार
केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस के नेता सत्ता में रहते हुए बस्तर के साथ सौतेले भाई जैसा व्यवहार करते रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की नीतियों के कारण बस्तर लंबे समय तक नक्सलवाद की समस्या से जूझता रहा। अब कांग्रेस के नए प्रभारी बस्तर पहुंचकर पार्टी की स्थिति और संगठन की नब्ज टटोलने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह देखना दिलचस्प होगा कि बस्तर में कांग्रेस अपने नए प्रभारी का किस तरह स्वागत करती है और उन्हें संगठन की ओर से क्या जिम्मेदारी मिलती है।
बाढ़ प्रभावितों के मुआवजे पर बोले- सभी को मिलेगा लाभ
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मुआवजा वितरण को लेकर कांग्रेस के पक्षपात के आरोपों पर भी मंत्री केदार कश्यप ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी प्रभावित क्षेत्रों में आरबीसी 6-4 के प्रावधानों के तहत मुआवजा दिया जाएगा। उन्होंने कांग्रेस पर लोगों के बीच भ्रम फैलाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। मंत्री ने कहा कि जब छत्तीसगढ़ में लोगों की मौत होती थी, तब कांग्रेस की ओर से बड़ी-बड़ी आर्थिक सहायता की घोषणाएं की जाती थीं, लेकिन जमीनी स्तर पर उसका लाभ नहीं पहुंचा। वहीं, दूसरे राज्यों में जाकर करोड़ों रुपये की सहायता देने की बातें की जाती थीं। केदार कश्यप ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का छत्तीसगढ़ की जनता के हितों से कोई वास्तविक सरोकार नहीं है।
वनतारा के विशेषज्ञों की मदद से वन्यजीव संरक्षण पर जोर
वनतारा के विशेषज्ञों के छत्तीसगढ़ आने को लेकर वन मंत्री ने कहा कि वनतारा में आधुनिक तकनीक का बेहतर इस्तेमाल किया जा रहा है और प्रदेश भी इससे तकनीकी स्तर पर सहयोग ले रहा है। उन्होंने बताया कि वहां अंतरराष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञ मौजूद हैं, जिनकी विशेषज्ञता का लाभ वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में लिया जा रहा है। केदार कश्यप ने कहा कि जंगल सफारी में भी वन्यजीवों की संख्या और संरक्षण को लेकर लगातार काम किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि संबंधित समूह के माध्यम से जू को भी आधुनिक सुविधाओं के साथ अपडेट किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका उद्घाटन कर चुके हैं।
धर्मांतरण के मुद्दे पर कांग्रेस पर लगाए गंभीर आरोप
धर्मांतरण को लेकर सामने आई रिपोर्ट और जनजातीय जागरण मंच के मुद्दे पर भी केदार कश्यप ने कांग्रेस को घेरा। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जो लोग आज बस्तर में जाकर राजनीति करने की कोशिश कर रहे हैं, वे उस समय कहां थे जब आदिवासी समाज अवैध धर्मांतरण के खिलाफ आवाज उठा रहा था। मंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के शासनकाल में आदिवासी नेताओं को धर्मांतरण के खिलाफ आवाज उठाने पर जेल भेजने तक की कार्रवाई हुई। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने लंबे समय तक आदिवासी समाज को शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित रखा और लोभ-प्रलोभन के जरिए धर्मांतरण की कोशिशों को बढ़ावा दिया।

