वन विभाग में नियम विरुद्ध तबादले पर बवाल, लिपिक संघ ने खोला मोर्चा; प्रतिबंध के बावजूद ट्रांसफर से मचा हड़कंप, आंदोलन की चेतावनी!

बिलासपुर: (भारतेन्दु कौशिक) बिलासपुर वन विभाग में एक कर्मचारी के स्थानांतरण को लेकर अब विवाद गहराता जा रहा है। वन विभाग में पदस्थ कर्मचारी सुरेंद्र यादव के तबादले को लेकर जिला लिपिक संघ ने खुलकर विरोध शुरू कर दिया है। संघ ने आरोप लगाया है कि स्थानांतरण पर प्रदेशभर में प्रतिबंध लागू होने के बावजूद नियमों को दरकिनार कर यह आदेश जारी किया गया है। जानकारी के अनुसार, सुरेंद्र यादव वन वृत्त कार्यालय में पदस्थ एकमात्र लिपिक थे। आरोप है कि उन्हें अचानक स्थानांतरित कर सीसीएफ कार्यालय भेज दिया गया, जिससे कार्यालयीन कार्य प्रभावित होने की आशंका बढ़ गई है। इस कार्रवाई को लेकर कर्मचारियों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। लिपिक संघ का आरोप है कि विभाग द्वारा एक सेवानिवृत्त कर्मचारी को प्रभार देने की मंशा से यह पूरा कदम उठाया गया है। संघ का कहना है कि यह न केवल नियमों के खिलाफ है, बल्कि इससे विभागीय व्यवस्था पर भी असर पड़ेगा। इस मामले में जिला लिपिक संघ के अध्यक्ष सूर्यप्रकाश कश्यप ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जब शासन स्तर पर स्थानांतरण पर रोक लगी हुई है, तब इस प्रकार का आदेश जारी होना कई गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा कि यदि किसी कर्मचारी का तबादला आवश्यक भी हो, तो उसे मुख्यमंत्री समन्वय समिति की निर्धारित प्रक्रिया के तहत किया जाना चाहिए, न कि किसी विशेष व्यक्ति को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से। लिपिक संघ ने चेतावनी दी है कि यदि सोमवार तक सुरेंद्र यादव का स्थानांतरण आदेश निरस्त नहीं किया गया, तो वन परिसर में उग्र आंदोलन किया जाएगा। संघ ने स्पष्ट कहा है कि कर्मचारियों के अधिकारों और नियमों के विरुद्ध किसी भी कार्रवाई को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अब इस पूरे मामले में वन विभाग क्या कदम उठाता है, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।
