कोरबा में फर्जी लूट की कहानी का पर्दाफाश; कर्मचारी ने 4.5 लाख रुपये गबन करने की बात कबूली, “सजग कोरबा – सतर्क कोरबा” अभियान के तहत पुलिस की कार्रवाई!

कोरबा: (प्रांशु क्षत्रिय) जिले में अपराधों पर नियंत्रण के लिए चलाए जा रहे “सजग कोरबा – सतर्क कोरबा” अभियान के तहत कोरबा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। एक कर्मचारी द्वारा रची गई फर्जी लूट की कहानी का पुलिस ने खुलासा करते हुए गबन के मामले का पर्दाफाश किया है। मामला थाना कोतवाली कोरबा का है, जहां प्रार्थी वरुण नायर (38), निवासी उरगा ने 3 अप्रैल 2026 को शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके कर्मचारी के साथ सीतामणी गौ माता चौक, मेन रोड कोरबा के पास लूट की घटना हुई है। इस पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 306/2026 के तहत धारा 316(5) बीएनएस में मामला दर्ज कर जांच शुरू की। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने तत्काल जांच करते हुए संबंधित कर्मचारी से पूछताछ की। कड़ाई से की गई पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि लूट की कहानी पूरी तरह मनगढ़ंत और झूठी थी। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने करीब 4 लाख 50 हजार रुपये की राशि का स्वयं ही गबन किया था। यह राशि उसे बीमा नवीनीकरण के लिए दी गई थी, जिसे उसने आपराधिक विश्वासघात करते हुए अपने पास रख लिया। प्रियंशु देवांगन, पिता रविशंकर देवांगन, निवासी जांजगीर, छत्तीसगढ़ पुलिस ने आरोपी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। कोरबा पुलिस का कहना है कि “सजग कोरबा – सतर्क कोरबा” अभियान के तहत इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी, ताकि जिले में अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
