बिलासपुर; सीपत क्षेत्र के इस बोरी फैक्ट्री में हादसा; 25 फीट ऊंचाई से गिरकर मजदूर की मौत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) जिले के सीपत थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंधी स्थित बोरी फैक्ट्री (बिलासपुर माइनिंग इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड) में सोमवार को हुए एक दर्दनाक हादसे में ग्राम जांजी निवासी एक मजदूर की मौत हो गई। घटना के बाद फैक्ट्री प्रबंधन की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार मृतक लक्ष्मी प्रसाद धीवर (45 वर्ष) सोमवार सुबह करीब 8 बजे रोज की तरह काम पर पहुंचे थे। दोपहर लगभग 3 बजे वे प्लांट में करीब 25 फीट ऊंचाई पर सीढ़ी पर चढ़कर जाल और करकट की सफाई कर रहे थे। इसी दौरान संतुलन बिगड़ने से वे नीचे गिर गए। बताया जा रहा है कि घटना के समय उन्होंने किसी भी प्रकार का सुरक्षा उपकरण नहीं पहना था। हादसे के बाद मौके पर अफरातफरी मच गई। प्लांट प्रबंधन द्वारा उन्हें तत्काल बिलासपुर के श्री राम केयर हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान सोमवार रात करीब 9 बजे उनकी मौत हो गई। परिजनों के अनुसार मृतक के सिर, सीने सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आई थीं। परिजनों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यहां सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाता और मजदूरों की जान के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। उनका कहना है कि यह पहला मामला नहीं है, इससे पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन प्रबंधन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
वेतन और कार्य अवधि पर भी सवाल…..
स्थानीय सूत्रों के अनुसार फैक्ट्री में मजदूरों को उनकी कुशलता के अनुसार निर्धारित वेतन नहीं दिया जाता। साथ ही उनसे प्रतिदिन लगभग 12 घंटे काम लिया जाता है, जिससे श्रम कानूनों के पालन पर भी प्रश्नचिन्ह लग रहे हैं।
मुआवजे के बाद शांत हुआ विवाद…..
घटना के बाद आक्रोशित परिजन मंगलवार को फैक्ट्री के सामने शव रखकर प्रदर्शन की तैयारी में थे। इसकी जानकारी मिलते ही प्रबंधन द्वारा जिला अस्पताल में परिजनों से बातचीत की गई। करीब एक घंटे की चर्चा के बाद 7 लाख रुपये मुआवजा, अंतिम संस्कार हेतु 1 लाख रुपये अतिरिक्त सहायता तथा परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने के आश्वासन पर मामला शांत हुआ।
जांच और कार्रवाई की मांग…..
घटना के बाद फैक्ट्री की सुरक्षा व्यवस्था, ऑडिटिंग प्रक्रिया और जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों और परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
