सरपंच पति एवं बेटे की पुलिसवालों से गुंडागर्दी आई सामने…..! सीपत क्षेत्र के ग्राम मडई का मामला….?

सीपत:- (प्रांशु क्षत्रिय) सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम मडई में एक ऐसा परिवार हैं, जहां बाप बेटे बिलासपुर पुलिस के सूची में निगरानी गुंडा बदमाश के सुची में अंकित है। घर की महिला मुखिया ग्राम पंचायत की सरपंच है, तो वही उसका पति विनोद साहू और बेटा शुभम साहू आए दिन ग्रामीणों को परेशान करना, मारपीट करना, विवाद करना जैसे कामकाजों को लेकर बिलासपुर पुलिस के गुंडा बदमाश के सूची में शामिल है। जिसका ताजा करनामा मंगलवार को फिर सामने आया हैं। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार सिंह द्वारा आगामी माह में होने वाले होली त्यौहार को लेकर लोग शांतिपूर्ण तरीके से त्यौहार मना सके उसके लिए गुंडा बदमाशो पर निगरानी रखने के लिए एक विशेष अभियान चलाई जा रही हैं, जिसके लिए सभी थानों प्रभारीयों को निर्देशित किया गया है। इसी कड़ी में मंगलवार को सीपत पुलिस ने क्षेत्र के गुण्डा बदमाशों में ग्राम मडई निवासी सरपंच प्रतिनिधि विनोद साहू को फोन लगाया और विनोद साहू और उसके पुत्र शुभम साहू को थाना बुलवाया गया। विनोद साहू द्वारा थाना जाने से बचने के लिए पुलिस को घर में नहीं होना बताकर पुलिस को गुमराह किया गया। जबकि मुखबिरों द्वारा सरपंच प्रतिनिधि को गाँव मे होना बताया गया। फिर पुलिस द्वारा मुखबिरों के बताए अनुसार सरपंच प्रतिनिधि के घर में दबिश दिया गया। जहां सरपंच भी अपने पति पुत्र को बचाने पुलिस को गुमराह करने में लगी रही। फिर पुलिस ने घर की तलाशी शुरू कर दी, तलाशी लेने पर सरपंच प्रतिनिधि और उसका पुत्र ऊपर की रूम में छिपे मिले। पुलिस को देख विनोद साहू पहुँच बताकर विभाग के बड़े अधिकारियों से शिकायत करने की सीपत पुलिस को धमकी देने लगे।
सीपत पुलिस समझाइश देने बुला रही थी थाना-
सीपत क्षेत्र से पिता पुत्र का नाम गुंडा बदमाश के लिस्ट में है और यह कई मामलों में जेल भी जा चुके हैं। लिस्ट में नाम होने की वजह से सीपत पुलिस थाना बुलाकर इनको समझाइश देना चाहते थे, लेकिन सरपंच प्रतिनिधि रौब दिखाकर उल्टा पुलिस को ही शिकायत करने की धमकी दे रहे थे। हालांकि दोनों बदमाशों को सीपत पुलिस थाना लाकर समझाइश देकर छोड़ दिए हैं। लेकिन ऐसे लोग जो अपने आप को कानून के ऊपर समझने की गलती करते हैं, यहीं लोग समाज में अशांति फैलाते हैं।


















