कर्ज से डूबे इंजीनियर ने चुनी मौत: रेलवे ट्रैक पर मिला शव..सुसाइड नोट में लिखे गए कुछ नाम, कर्ज बना वजह, पढ़िए खबर………

छत्तीसगढ़: (प्रांशु क्षत्रिय) कर्ज के बोझ ने एक युवा इंजीनियर की जिंदगी निगल ली। 27 वर्षीय शुभम राठौर ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। रविवार सुबह नहरिया बाबा मंदिर के पास रेलवे ट्रैक पर उसका शव दो टुकड़ों में मिला— सिर और धड़ अलग।शुभम कटघोरा के PHE विभाग में संविदा कर्मचारी था। होली मनाने के लिए वह अपने घर जांजगीर आया हुआ था। शनिवार रात करीब 1 बजे वह घर से यह कहकर निकला कि जरा घूमकर आता हूं। लेकिन यह उसकी आखिरी रात थी— वह कभी वापस नहीं लौटा। रविवार सुबह 8 बजे जब परिवारवालों ने उसे फोन किया, तो पुलिस से जो जवाब मिला, वह दिल दहला देने वाला था— शुभम अब इस दुनिया में नहीं था।
सुसाइड नोट में लिखे गए कुछ नाम, कर्ज बना वजह……
पुलिस को शुभम की जेब से एक पेज का सुसाइड नोट मिला है। इसमें उसने लिखा कि वह कर्ज से बहुत परेशान था और अब इसे सहन नहीं कर सकता। इस नोट में कुछ लोगों के नाम भी दर्ज हैं, जिनकी भूमिका की जांच की जा रही हैं। थाना प्रभारी प्रवीण द्विवेदी ने बताया कि सुसाइड नोट की हैंडराइटिंग जांच के लिए एक्सपर्ट के पास भेजी जाएगी। शव का पोस्टमार्टम कर उसे अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया है।
“आत्महत्या कोई समाधान नहीं”……
इस घटना के बाद पुलिस ने लोगों से अपील की है कि आत्महत्या किसी भी समस्या का हल नहीं होती। किसी भी परेशानी में थाने आकर अपनी बात कहें, ताकि समय रहते मदद की जा सके। शुभम की मौत सिर्फ एक हादसा नहीं, बल्कि एक सवाल है— आखिर क्यों कर्ज का दबाव इतना बढ़ जाता है कि एक युवा इंजीनियर को अपनी जान तक देनी पड़ती है? अब पुलिस की जांच से ही सच सामने आ सकेगा।
