बिलासपुर! शिक्षा व्यवस्था चरमराई: 2 शिक्षक के भरोसे 128 बच्चों का भविष्य..ग्रामीणों का प्रशासन से सवाल: कब तक बच्चों की पढ़ाई होगी बाधित?

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) जिले के बिल्हा विकासखंड के ग्राम बाम्हू की शासकीय प्राथमिक शाला में शिक्षकों की कमी से बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है। ग्रामीणों ने इस समस्या को लेकर तहसीलदार बेलतरा को एक ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में बताया है कि शासकीय प्राथमिक शाला बाम्हू में वर्तमान में कुल 128 बच्चे अध्ययनरत हैं। विद्यालय में कुल 4 शिक्षकों के पद स्वीकृत हैं, जिनमें से 1 प्रधानपाठक और 3 सहायक शिक्षक शामिल हैं। ग्रामीणों के अनुसार वर्तमान में विद्यालय में केवल 2 शिक्षक कार्यरत हैं। सहायक शिक्षक निशांत वर्मा को कानूनगो शाखा में संलग्न किया गया है, जबकि दूसरे सहायक शिक्षक अमित भोई को खमतराई मुरुमखदान भेजा गया है। शिक्षकों की इस कमी के कारण बच्चों को दो-दो कक्षाओं को एक साथ बैठाकर पढ़ाई करानी पड़ रही है। इसका सीधा प्रभाव बच्चों की पढ़ाई पर पड़ रहा है, खासकर कक्षा पांचवी की। ग्रामीणों ने बताया कि नवंबर माह में नेक की परीक्षा होने वाली है, लेकिन शिक्षक न होने के कारण पढ़ाई सुचारू रूप से नहीं हो पा रही है। शिक्षक न होने से बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा नहीं मिल रही, जिससे उनकी परीक्षा की तैयारी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि शिक्षकों की कमी की समस्या नई नहीं है। इससे पहले भी इस संबंध में बिलासपुर कलेक्टर और तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। समस्या का समाधान न होने से ग्रामीणों में आक्रोश है। ग्रामीणों ने प्रशासन से अपील की है कि बच्चों की शिक्षा प्रभावित न हो, इसके लिए जल्द से जल्द शिक्षकों की नियुक्ति की जाए। उन्होंने कहा कि यदि समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे मजबूरन आगे आंदोलन का रास्ता अपनाने पर विचार करेंगे।

