BIG NEWS! घर से चोरी हुए 62 लाख, 22 दिन तक नहीं हुई FIR..DGP से शिकायत के बाद हरकत में आई पुलिस, लग रहे कई आरोप, पढ़िए पूरी खबर…….

रायपुर:(प्रांशु क्षत्रिय) जिले के मुजगहन थाना क्षेत्र के रवेली गांव में एक घर से 62 लाख रुपये चोरी होने का मामला सामने आया है। यह राशि एक कार्टन में रखी गई थी और घर के पलंग के नीचे से गायब हो गई। चोरी की यह घटना 23 अक्टूबर को सामने आई, लेकिन पुलिस ने 22 दिनों तक एफआईआर दर्ज नहीं की। आखिरकार पीड़ित परिवार को छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक (DGP) अशोक जुनेजा से शिकायत करनी पड़ी, जिसके बाद मामले में कार्रवाई हुई। शिकायतकर्ता बालमुकुंद सोनकर ने बताया कि उनके पिता और चाचा ने अपनी 9 एकड़ पुश्तैनी जमीन 2.5 करोड़ रुपये में बेची थी। बालमुकुंद ने करीब 1.5 करोड़ रुपये नकद में घर लाकर रखे थे। यह राशि दो कार्टून और एक बैग में थी। उन्होंने बताया कि रकम को घर के बेडरूम में पलंग के अंदर सुरक्षित रखा गया था। 2 अक्टूबर को बालमुकुंद ने घरेलू खर्च और कर्ज चुकाने के लिए पलंग से पैसे निकाले। उस समय दोनों कार्टून अपनी जगह पर थे। लेकिन 23 अक्टूबर को जब घर की महिला सदस्य ने सफाई के लिए पलंग खोला तो एक कार्टून गायब था। उसमें 62 लाख 61 हजार रुपये थे। परिवार ने घटना की जानकारी मिलने के बाद अपने सभी सदस्यों और नौकर-चाकरों से पूछताछ की। बालमुकुंद ने 24 अक्टूबर को मुजगहन थाने में शिकायत दर्ज कराई, लेकिन पुलिस ने VIP ड्यूटी का हवाला देकर कार्रवाई टाल दी। परिवार ने कई बार थाने का चक्कर लगाया, लेकिन दीपावली, राज्योत्सव और केंद्रीय मंत्री की ड्यूटी का बहाना बनाकर एफआईआर दर्ज नहीं की गई। आखिरकार 22 दिनों तक कार्रवाई न होने से परेशान होकर बालमुकुंद ने डीजीपी अशोक जुनेजा से मदद की गुहार लगाई। उनकी शिकायत के बाद पुलिस ने शुक्रवार को एफआईआर दर्ज की।
साक्ष्य जुटाने में हो रही देरी……
पीड़ित परिवार ने पुलिस पर आरोप लगाया कि देरी के कारण आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज भी गायब हो सकते हैं। उनका कहना है कि चोरी परिवार के किसी सदस्य या नौकर-चाकर की मिलीभगत से हुई हो सकती है। अब तक पुलिस ने परिवार के सभी सदस्यों के बयान भी दर्ज नहीं किए हैं। पीड़ित परिवार ने मामले की त्वरित और निष्पक्ष जांच की मांग की है।

