बिलासपुर: आदेश पर रोक लगते ही कानन जू प्रबंधन ने लौटाए 30 पालतू तोते, 58 तोतो को कराया गया था जमा, यहां कर सकते हैं संपर्क, पढ़िए पूरी खबर……

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) वन विभाग के आदेश पर रोक लगने के बाद कानन जू प्रबंधन ने पालतू तोतों को उनके मालिकों को लौटाना शुरू कर दिया है। वन विभाग के आदेश के अनुसार पालतू तोतों को कानन पेंडारी में जमा करने का निर्देश दिया गया था, लेकिन इस आदेश के विरोध में पालक समुदाय ने आक्रोश व्यक्त किया था। हाल ही में वन विभाग ने पालतू तोतों को कानन पेंडारी में जमा करने का आदेश जारी किया था और ऐसा न करने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी थी। इस आदेश के तहत, 58 तोते कानन पेंडारी में जमा किए गए थे। कई पालक जो वर्षों से तोते को परिवार के सदस्य की तरह मानते थे, इस आदेश के खिलाफ थे। केंद्रीय शासन द्वारा राज्य शासन के आदेश पर रोक लगाते ही कानन जू प्रबंधन ने आदेश के अनुसार पालतू तोतों को मालिकों के हवाले करना शुरू कर दिया। वर्तमान में, लगभग 30 पालतू तोते उनके मालिकों को सुरक्षित तरीके से लौटाए जा चुके हैं। अन्य मालिक भी अपने तोतों को वापस लेने के लिए कानन पेंडारी संपर्क कर सकते हैं।

कानन पेंडारी के रेंजर शिव कुमार नाग ने बताया, “नए आदेश के तहत, कानन पेंडारी में जमा किए गए पालतू तोतों को उनके मालिकों को वापस किया जा रहा है। अब तक करीब 30 तोतों को सुरक्षित रूप से लौटाया जा चुका है। बाकी तोतों के मालिक भी प्रबंधन से संपर्क कर सकते हैं।”
