सीपत; हाई स्कूल में छात्राओं को मिली सरस्वती साइकिल, अब सपनों को मिलेगी रफ्तार.निःशुल्क साइकिल वितरण से दूरस्थ क्षेत्रों की बेटियों की शिक्षा होगी आसान!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) मस्तूरी विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत रांक स्थित शासकीय हाई स्कूल में गुरुवार को सरस्वती साइकिल वितरण योजना के तहत कक्षा 9वीं में नवप्रवेशी छात्राओं को निःशुल्क साइकिलें वितरित की गईं। इस अवसर पर छात्राओं के चेहरों पर खुशी और आत्मविश्वास साफ झलक रहा था। साइकिल मिलने से अब दूर-दराज़ के गांवों से आने वाली छात्राओं के लिए स्कूल तक पहुंचना आसान होगा और उनकी शिक्षा निर्बाध रूप से जारी रह सकेगी। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश महामंत्री चंद्रप्रकाश सूर्या उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि बेटियों की शिक्षा को बढ़ावा देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सरस्वती साइकिल योजना ग्रामीण क्षेत्रों की छात्राओं के लिए वरदान साबित हुई है, जिससे बालिका शिक्षा को नई गति मिली है। कार्यक्रम में बताया गया कि सरस्वती साइकिल योजना की शुरुआत वर्ष 2004-05 में तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में की गई थी। योजना का उद्देश्य ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों की बालिकाओं को शिक्षा से जोड़ना और विद्यालय तक उनकी पहुंच को सुगम बनाना है। वर्तमान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में भी इस महत्वाकांक्षी योजना का प्रभावी संचालन प्रदेशभर के हाई स्कूलों में किया जा रहा है। इस अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता प्रणव शर्मा, जोहन वस्त्रकार, गंगाधर मंजारे, सुरेश राठौर, विद्यालय के प्राचार्य केदार नाथ, हेमलता वर्मा, साहू सर, विपुल मिश्रा, विनोद राठौर, बलराम मेहरा, देवांगन पैनोरे, भानु प्रकाश, अनिल गंधर्व, राकेश राठौर सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, शिक्षक, अभिभावक एवं ग्रामीण मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने कहा कि “बेटियां पढ़ेंगी, विकास गढ़ेंगी” केवल एक नारा नहीं, बल्कि समृद्ध समाज और सशक्त राष्ट्र की आधारशिला है। सरस्वती साइकिल योजना बालिकाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें उच्च शिक्षा के लिए प्रेरित करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
