करंट से ठेका श्रमिक की मौत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल!

दुर्ग: (प्रांशु क्षत्रिय) रिसाली क्षेत्र में शनिवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां विद्युत लाइन सुधार कार्य के दौरान करंट की चपेट में आने से एक ठेका श्रमिक की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की पहचान 22 वर्षीय रोशन कुमार देवांगन के रूप में हुई है, जो रिसाली नगर निगम में अनस्किल्ड लाइनमैन के रूप में कार्यरत था। घटना के बाद निगम की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जानकारी के अनुसार, गणेश नगर क्षेत्र में बिजली लाइन सुधार का कार्य चल रहा था। इसी दौरान रोशन देवांगन चालू विद्युत लाइन पर काम कर रहा था। अचानक तेज करंट की चपेट में आने से वह गंभीर रूप से झुलस गया और उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला। मौके पर मौजूद लोगों ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही नेवई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी में सामने आया है कि मृतक को न तो औपचारिक प्रशिक्षण दिया गया था और न ही पर्याप्त सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे। बिना सुरक्षा किट और उचित निगरानी के चालू लाइन पर काम कराया जाना गंभीर लापरवाही माना जा रहा है। स्थानीय लोगों और निगम कर्मचारियों ने भी आरोप लगाया है कि ठेका श्रमिकों से जोखिम भरे कार्य कराए जाते हैं, लेकिन सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जाता। घटना के बाद रिसाली नगर निगम की महापौर शशि सिन्हा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आपातकालीन बैठक बुलाई है। बैठक में संबंधित विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और महापौर परिषद के सदस्य शामिल होंगे। इस दौरान ठेकेदार की लापरवाही, सुरक्षा उपकरणों की कमी और कार्यस्थल पर सुरक्षा मानकों के पालन को लेकर विस्तृत समीक्षा की जाएगी। महापौर शशि सिन्हा ने कहा कि श्रमिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि दोषी पाए जाने वाले ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
