नक्सलियों की जन अदालत में आदिवासी युवक की हत्या, कई नेताओं और अफसरों को धमकी……

कांकेर: (प्रांशु क्षत्रिय) जिले में नक्सलियों की क्रूरता का एक और खौफनाक मामला सामने आया है। छोटेबेठिया थाना क्षेत्र के बिनागुंडा गांव में माओवादियों ने कथित जन अदालत लगाकर आदिवासी युवक मनेश नुरुटी की बेरहमी से हत्या कर दी। नक्सलियों ने मनेश पर पुलिस के लिए मुखबिरी करने का आरोप लगाया था। इस हत्याकांड की जिम्मेदारी भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) की परतापुर एरिया कमेटी ने ली है और कई ग्रामीण नेताओं व पुलिस अधिकारियों को खुली धमकी दी है। जानकारी के मुताबिक, सोमवार रात हथियारबंद नक्सली मनेश नुरुटी को उसके घर से जबरन उठाकर गांव के बीच ले गए। वहां पहले से ग्रामीणों को मीटिंग के बहाने इकट्ठा किया गया था। इस जन अदालत में माओवादियों ने मनेश समेत एक अन्य युवक पर पुलिस को सूचना देने का आरोप लगाकर उनकी पिटाई की। इसके बाद मनेश को मौत की सजा सुनाते हुए उसकी हत्या कर दी गई। घटना के बाद परतापुर थाना क्षेत्र में नक्सलियों ने बैनर लगाकर इसकी जानकारी दी। माओवादियों ने पखांजूर थाना प्रभारी लक्षण केंवट समेत अन्य पुलिस अधिकारियों पर आदिवासियों को गोपनीय सैनिक बनाने का आरोप लगाया है। साथ ही कोंगे पंचायत के सरपंच रामजी धुर्वा और डीआरजी से जुड़े जोयो, बुद्धु, आयतू, टुब्बा कोरेटी, धनी और अर्जून ताती को खुली चेतावनी देते हुए मौत की धमकी दी है। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और नक्सलियों की तलाश में क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है।
