VIDEO! बिलासपुर; ग्रीन कॉरिडोर बना जीवन की राह: जुड़वां बच्चियों को 20 मिनट में एयरपोर्ट पहुंचाया, हैदराबाद के लिए एयरलिफ्ट..ट्रैफिक पुलिस की मुस्तैदी से समय पर शुरू हुआ इलाज, 25 दिन की नवजातों को थी गंभीर हृदय संबंधी समस्या, खबर पढ़कर जानिए पूरा मामला……..

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बुधवार को एक मिसाल पेश की गई, जब ट्रैफिक पुलिस की तत्परता और समन्वय से ग्रीन कॉरिडोर बनाकर 25 दिन की जुड़वां बच्चियों को महज 20 मिनट में अस्पताल से चकरभाठा एयरपोर्ट पहुंचाया गया। दोनों नवजातों को गंभीर कार्डियक समस्या के चलते बेहतर इलाज के लिए एयर एंबुलेंस से हैदराबाद भेजा गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार एक आईएफएस महिला अधिकारी ने 30 मार्च को समय से पहले दो बच्चियों को जन्म दिया था। मात्र 7 माह की गर्भावस्था के बाद जन्मी इन प्रीमैच्योर बच्चियों की तबीयत लगातार बिगड़ती जा रही थी। स्थानीय अस्पताल में इलाज के बावजूद स्थिति में सुधार न होने पर उन्हें हैदराबाद के सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में रेफर किया गया। बच्चियों को समय पर एयरपोर्ट तक पहुंचाना बड़ी चुनौती थी। एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर ट्रैफिक पुलिस ने अस्पताल से एयरपोर्ट तक 11 मुख्य स्थानों पर ट्रैफिक को नियंत्रित कर ग्रीन कॉरिडोर बनाया। एएसपी ट्रैफिक की पायलटिंग में एंबुलेंस ने तय रूट को बिना किसी रुकावट के 18 से 20 मिनट में पार कर लिया।
11 प्वाइंट पर हुआ ट्रैफिक कंट्रोल…..
ईदगाह चौक, जेल चौक, अंबेडकर प्रतिमा, कमिश्नर बंगला तिराहा, इंदू चौक, राजीव गांधी चौक, डीपीएस स्कूल, तिफरा सब्जी मंडी, हाईकोर्ट, चकरभाठा मोड़ और एयरपोर्ट जैसे प्रमुख पॉइंट्स पर ट्रैफिक पुलिस तैनात रही। इन सभी स्थानों पर समय से पहले ही यातायात बंद कर रूट को खाली कराया गया।
हैदराबाद से आई विशेषज्ञों की टीम……
बच्चियों को सुरक्षित एयरलिफ्ट करने के लिए हैदराबाद से विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम विशेष एयर एंबुलेंस के साथ बिलासपुर पहुंची थी। टीम ने अस्पताल पहुंचकर बच्चियों की स्थिति का जायजा लिया और फिर उन्हें निगरानी में एयर एंबुलेंस तक पहुंचाया गया। सभी औपचारिकताओं के बाद दोपहर 1.30 बजे विमान हैदराबाद के लिए रवाना हुआ। यह पूरा ऑपरेशन न सिर्फ प्रशासनिक दक्षता का उदाहरण बना, बल्कि यह भी दिखा गया कि कैसे त्वरित निर्णय और जन सहयोग से जीवन बचाया जा सकता है। स्थानीय प्रशासन, पुलिस और चिकित्सा टीम की समन्वित कार्यशैली की सराहना की जा रही है।
बच्चियों की हालत पर नजर बनाए हुए हैं डॉक्टर……
सूत्रों के अनुसार, बच्चियों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है, लेकिन उन्हें बेहतर उपचार मिल सके इसके लिए पूरी तैयारी की गई है। हैदराबाद में विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में इलाज जारी रहेगा।
