बिलासपुर; धान उठाव में लापरवाही से बढ़ी चिंता, 2.25 लाख क्विंटल धान अब भी पड़ा..खरीदी पूरी होने के बाद भी नहीं हुआ उठाव, समितियों ने दी आंदोलन की चेतावनी!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) छत्तीसगढ़ में धान खरीदी का काम लगभग पूरा हो चुका है, लेकिन धान के उठाव में हो रही देरी अब किसानों और सहकारी समितियों के लिए बड़ी समस्या बनती जा रही है। प्रशासन द्वारा 28 फरवरी तक खरीदे गए धान के पूर्ण उठाव का दावा किया गया था, लेकिन बिलासपुर जिले में अब भी बड़ी मात्रा में धान खरीदी केंद्रों और गोदामों में पड़ा हुआ है। जानकारी के मुताबिक जिले में करीब 2 लाख 25 हजार क्विंटल धान का अब तक उठाव नहीं हो पाया है। इससे सहकारी समितियों के पदाधिकारियों और किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सहकारी समितियों के पदाधिकारियों का कहना है कि धान उठाव को लेकर लगातार अधिकारियों से संपर्क किया जा रहा है, लेकिन अब तक केवल आश्वासन ही मिल रहा है। कई स्थानों पर धान का डीओ भी जारी हो चुका है, इसके बावजूद परिवहन और उठाव की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। लंबे समय तक धान के खरीदी केंद्रों में पड़े रहने से धान के खराब होने और शॉर्टेज का खतरा भी बढ़ गया है, जिससे समितियों की चिंता और गहरा गई है। समिति पदाधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह के भीतर धान का उठाव शुरू नहीं हुआ, तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। ऐसे में अब सभी की नजर प्रशासन पर टिकी है कि इस समस्या का समाधान कब तक किया जाता है और किसानों को राहत मिलती है।


















