बिलासपुर में कोचिंग ज़ोन की ट्रैफिक व्यवस्था पर चला प्रशासन का चाबुक…SSP का सख्त संदेश– शिक्षा के साथ ट्रैफिक संस्कार भी जरूरी..नाबालिगों को गाड़ी चलाना पड़ेगा भारी!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) यातायात पुलिस बिलासपुर द्वारा कोचिंग संस्थानों में यातायात नियमों के पालन को लेकर सख्त रुख अपनाया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन में चेतना भवन में कोचिंग संचालकों की विशेष बैठक आयोजित की गई, जिसमें यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए कई अहम निर्देश दिए गए।
कोचिंग संचालकों को 6 सख्त निर्देश……
01. बेतरतीब पार्किंग पर रोक..मुख्य मार्गों और “ड्रॉप एंड गो” ज़ोन में वाहन खड़े करने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी।
02. पार्किंग की समुचित व्यवस्था जरूरी..संस्थानों को छात्र-छात्राओं व स्टाफ के वाहन हेतु वैकल्पिक पार्किंग की व्यवस्था करने के निर्देश।
03. यातायात नियमों की जानकारी देना अनिवार्य..कोचिंग संस्थानों में समय-समय पर “यातायात पाठशाला” सेमिनार आयोजित करने के निर्देश।
04. नाबालिग वाहन चालकों पर विशेष ध्यान..नाबालिग छात्रों द्वारा वाहन चलाने पर माता-पिता को बुलाकर समझाइश देने के निर्देश।
05. फ्लेक्स व बोर्ड अनिवार्य..लेक्चर हॉल व पार्किंग एरिया में जुर्माना राशि वाली तालिकाएं एवं यातायात नियमों के फ्लेक्स लगाने को कहा गया।
06. हेलमेट व सीट बेल्ट का अनिवार्य उपयोग..सभी छात्रों और स्टाफ को दोपहिया पर हेलमेट और कार में सीट बेल्ट लगाने की सख्त हिदायत।
कोचिंग संस्थान केवल शिक्षा ही नहीं, अनुशासन और जिम्मेदारी के भी केंद्र बनें: एसएसपी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने कोचिंग संचालकों से कहा कि संस्थान युवाओं का भविष्य निर्माण करते हैं, अतः उन्हें यातायात नियमों के पालन में भी आदर्श प्रस्तुत करना चाहिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामगोपाल करियारे ने पार्किंग की कमी वाले संस्थानों को वैकल्पिक व्यवस्था अपनाने को कहा। इस बैठक में डीएसपी शिवचरण परिहार, निरीक्षक भूपेंद्र गुप्ता और जिले भर के कोचिंग संचालक मौजूद रहे। सभी ने यातायात पुलिस द्वारा दिए गए दिशा-निर्देशों का पालन करने की सहमति दी।

