मस्तूरी; नगर पंचायत मल्हार में ठेकेदारों और पार्षदों के बीच विवाद गहराया..पार्षदों पर झूठी शिकायत कर अवैध वसूली के आरोप, ठेकेदारों ने निर्माण कार्य रोका!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) मस्तूरी विकासखंड के नगर पंचायत मल्हार में ठेकेदारों और पार्षदों के बीच विवाद ने तूल पकड़ लिया है। नगर के ठेकेदारों ने मुख्य नगरपालिका अधिकारी को लिखित शिकायत सौंपते हुए आरोप लगाया है कि पार्षद जानबूझकर उन्हें मानसिक और आर्थिक रूप से परेशान कर रहे हैं। ठेकेदारों का कहना है कि पार्षद अवैध वसूली के उद्देश्य से झूठी शिकायतें कर निर्माण कार्यों में बाधा डाल रहे हैं। शिकायत के अनुसार ठेकेदारों को कार्यों के भुगतान में भी अनावश्यक अड़चनें दी जा रही हैं, जिससे उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। ठेकेदारों ने यह भी आरोप लगाया कि पार्षद बिना किसी ठोस आधार के कार्यों को रोक रहे हैं और मनमानी कर रहे हैं। मामले के समाधान के लिए दिनांक 27 मई 2025 को नगर पंचायत मल्हार में एक बैठक आयोजित की गई थी, जिसमें अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सभी पार्षदगण, सीएमओ और संबंधित विभाग के कर्मचारी उपस्थित थे। बैठक का उद्देश्य ठेकेदारों द्वारा उठाए गए मुद्दों का निराकरण करना था, लेकिन शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि अध्यक्ष ने विवाद का हल निकालने की बजाय बैठक को बिना किसी नतीजे के भंग कर दिया। इससे मामला और अधिक उलझ गया है।
ठेकेदारों की चेतावनी…..
जब तक पार्षदों के खिलाफ उचित कार्रवाई नहीं की जाती और शिकायतों का समाधान नहीं होता, तब तक सभी निर्माण कार्य स्थगित रहेंगे। ठेकेदारों का कहना है कि यह निर्णय उन्हें विवश होकर लेना पड़ा है, ताकि लगातार हो रही आर्थिक क्षति और मानसिक उत्पीड़न से राहत मिल सके। इस पूरे प्रकरण के चलते नगर पंचायत मल्हार में विकास कार्यों पर असर पड़ सकता है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेकर पार्षदों और ठेकेदारों के बीच सुलह कराने में कितनी तत्परता दिखाता है।
