CM साय का कांग्रेस पर बड़ा हमला : महंत के 2028 वाले दावे को बताया खयाली पुलाव, बोले- हमनें गन्ने की कीमत भी बढ़ाई
सीएम विष्णुदेव साय ने 2028 में कांग्रेस की जीत के दावे पर तंज कसा। कवर्धा में गन्ने की कीमत 355 से बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल करने की जानकारी दी....
रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांग्रेस के 2028 के चुनावी दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए पार्टी पर निशाना साधा। उन्होंने महंत के बयान को ‘खयाली पुलाव’ बताते हुए कहा कि कांग्रेस को सपने देखते रहना चाहिए। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने कवर्धा में गन्ने की कीमत बढ़ाने और CJP के प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाए गए कदमों पर भी अपनी बात रखी।
गन्ने की कीमत 355 से बढ़कर 425 रुपये प्रति क्विंटल
कवर्धा में गन्ने की कीमत बढ़ाने की मांग को लेकर चल रहे किसानों के आंदोलन पर मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान नेताओं के साथ चर्चा के बाद गन्ने की कीमत 355 रुपये से बढ़ाकर 425 रुपये प्रति क्विंटल कर दी गई है। इस फैसले के बाद किसानों ने अपनी हड़ताल समाप्त कर दी। मुख्यमंत्री के मुताबिक, कवर्धा गन्ना उत्पादक क्षेत्र है और किसानों की मांग को लेकर चर्चा के बाद यह निर्णय लिया गया।
2028 में जीत के दावे पर कांग्रेस को जवाब
कांग्रेस नेता और नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने कहा था कि पहले कांग्रेस में एकजुटता की कमी थी, लेकिन अब पार्टी एक है और 2028 में चुनाव जीतकर सत्ता में आएगी। इस पर सीएम साय ने कहा कि यह ‘खयाली पुलाव’ है और कांग्रेस को सपना देखते रहना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कभी कांग्रेस का पूरे देश में एकछत्र राज था, लेकिन अब उसकी कथनी और करनी में अंतर है। उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों को धोखा देने, झूठ और फरेब के कारण कांग्रेस लगातार सिमट रही है। साय ने दावा किया कि आने वाले समय में पार्टी की स्थिति ऐसी हो जाएगी कि उसके लोग ढूंढने से भी नहीं मिलेंगे।
CJP के प्रदर्शन पर सरकार की सख्ती के संकेत
CJP के प्रदर्शन को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि पिछले आंदोलन के दौरान बड़ी संख्या में असामाजिक तत्व घुस गए थे। उन्होंने कहा कि सरकार नहीं चाहती कि दोबारा ऐसी स्थिति बने और इसकी वजह से माहौल अशांत हो। मुख्यमंत्री के अनुसार, पिछली घटनाओं को ध्यान में रखते हुए सरकार ने विशेष कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि उद्देश्य विरोध-प्रदर्शन के दौरान अव्यवस्था और अशांति को रोकना तथा कानून-व्यवस्था बनाए रखना है।
