बिलासपुर; खेत में मिली लाश के अंधे कत्ल का खुलासा: दोस्त ही निकला भुवन सिंह का हत्यारा; रुपयों के लालच में शराब पिलाकर की हत्या…सीसीटीवी और गवाहों के आधार पर आरोपी गिरफ्तार!

बिलासपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) तखतपुर थाना क्षेत्र की जूनापारा चौकी अंतर्गत ग्राम बांसाझाल-भाठाखार के खेत में मिले भुवन सिंह ध्रुव के शव की गुत्थी को सुलझाते हुए बिलासपुर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने हत्या के आरोपी अशोक श्रीवास को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। जांच में सामने आया कि मृतक के पास खेत बिक्री से मिले रुपयों के लालच में उसके पुराने परिचित ने ही सुनियोजित तरीके से हत्या की थी। उप पुलिस महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह (भापुसे) के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मधूलिका सिंह तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी कोटा नूपुर उपाध्याय के मार्गदर्शन में चौकी जूनापारा एवं थाना रतनपुर पुलिस की टीम ने लगातार प्रयास कर आरोपी को गिरफ्तार किया।
10 से 15 साल पुरानी थी दोस्ती………
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी अशोक श्रीवास (45 वर्ष), पिता तिहारूराम श्रीवास, निवासी ग्राम मनपहरी, चौकी जूनापारा, थाना तखतपुर, मृतक भुवन सिंह ध्रुव को पिछले 10 से 15 वर्षों से जानता था। जांच में पता चला कि मृतक भुवन सिंह ध्रुव ने लगभग 20 से 25 दिन पहले अपनी जमीन बेचकर बड़ी रकम प्राप्त की थी। इसकी जानकारी आरोपी को थी। रुपयों के लालच में वह लगातार मृतक से मेलजोल बढ़ा रहा था और उसके विश्वास में आने की कोशिश कर रहा था।
शराब पिलाकर सुनसान जगह ले गया….
पुलिस के मुताबिक, 13 जून 2026 को आरोपी अपने ऑटो क्रमांक CG 10 BN 1761 में भुवन सिंह को साथ लेकर निकला। दोनों जंगल की ओर गए, जहां आरोपी ने मृतक को शराब पिलाई। नशे की हालत में आरोपी लगातार उससे रुपये मांगता रहा। जब उसे लगा कि भुवन सिंह पूरी तरह नशे में है, तब वह उसे बांसाझाल क्षेत्र के एक सुनसान खेत के पास ले गया और फिर से रुपये की मांग की। मृतक द्वारा रुपये देने से इनकार करने पर आरोपी ने पहले पत्थर से हमला कर उसे बेहोश कर दिया।
भारी पत्थर से कुचलकर की हत्या…….
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि बेहोश होने के बाद आरोपी ने करीब तीन से चार किलो वजनी पत्थर उठाकर भुवन सिंह के सीने पर दो से तीन बार पटक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपी मृतक के पास रखे रुपये लेकर फरार हो गया। आरोपी ने चोरी की गई रकम को अपने घर में सीढ़ियों के नीचे छिपाकर रखा था और सामान्य जीवन जीने का प्रयास कर रहा था, ताकि किसी को उस पर संदेह न हो। अंधे कत्ल की इस गुत्थी को सुलझाने के लिए पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले। साथ ही स्थानीय लोगों और संभावित गवाहों से पूछताछ की गई। तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर पुलिस आरोपी अशोक श्रीवास तक पहुंचने में सफल रही। लगातार निगरानी और सघन तलाश के बाद पुलिस ने 20 जून 2026 को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
नकदी, ऑटो और हत्या में प्रयुक्त पत्थर बरामद…….
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर मृतक से लूटी गई 41 हजार 500 रुपये की नकदी, घटना में प्रयुक्त ऑटो क्रमांक CG 10 BN 1761 तथा हत्या में इस्तेमाल किया गया पत्थर बरामद किया है। आवश्यक कानूनी कार्रवाई के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। सुनियोजित हत्या का मामला पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह हत्या पूरी तरह सुनियोजित थी और इसका मुख्य कारण मृतक के पास रखी रकम को हड़पने की मंशा थी। आरोपी ने दोस्ती और विश्वास का फायदा उठाकर पहले मृतक को नशे में किया और फिर सुनसान स्थान पर ले जाकर वारदात को अंजाम दिया। बिलासपुर पुलिस ने कहा है कि गंभीर अपराधों के मामलों में वैज्ञानिक जांच, तकनीकी साक्ष्य और सतत निगरानी के जरिए आरोपियों तक पहुंचने की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
