रायपुर में 15 लाख की ‘फर्जी लूट’ का खुलासा, खुद प्रार्थी निकला मास्टरमाइंड……

रायपुर: (प्रांशु क्षत्रिय) पुलिस ने पंडरी थाना क्षेत्र में कथित 15 लाख की लूट का पर्दाफाश करते हुए चौंकाने वाला खुलासा किया है। इस मामले में लूट की कहानी सुनाने वाला प्रार्थी ही असल में आरोपी निकला। पुलिस ने आरोपी के पास से पूरे 15 लाख रुपये नगद, 3 अंगूठियां और मोबाइल फोन बरामद कर लिया है। मामला 11 अगस्त 2025 का है। प्रार्थी चिराग जैन ने थाना पंडरी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह अपने ऑफिस से 15 लाख रुपये लेकर बैंक जा रहा था, तभी कांपा रेलवे फाटक के पास एक बाइक सवार तीन अज्ञात बदमाशों ने उसकी कार रोककर धारदार हथियार से धमकाते हुए नगदी और गहने लूट लिए और फरार हो गए। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने घटना को गंभीरता से लेते हुए एंटी क्राइम एवं साइबर यूनिट और थाना पंडरी पुलिस की संयुक्त टीम को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। टीम ने घटनास्थल और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, चश्मदीदों से पूछताछ की, लेकिन लूट की घटना का कोई प्रमाण नहीं मिला। जब पुलिस ने प्रार्थी से दोबारा पूछताछ की तो उसने बार-बार बयान बदलना शुरू कर दिया। तकनीकी साक्ष्यों और रिक्रिएशन ऑफ सीन में सामने आई विसंगतियों के बाद कड़ाई से पूछताछ पर उसने स्वीकार किया कि यह लूट की घटना मनगढ़ंत थी। आरोपी ने एमसीएक्स ट्रेडिंग में हुए नुकसान और उड़ीसा के एक व्यापारी के कर्ज से बचने के लिए यह साजिश रची थी। आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने उसके पास से पूरे 15 लाख रुपये, 3 अंगूठियां और मोबाइल फोन बरामद कर लिया। फिलहाल चिराग जैन के खिलाफ झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने पर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई में एएसपी ग्रामीण कीर्तन राठौर, एएसपी क्राइम संदीप मित्तल, सीएसपी सिविल लाइन नरेश पटेल, डीएसपी क्राइम संजय सिंह, थाना प्रभारी पंडरी और एंटी क्राइम एवं साइबर यूनिट की टीम का विशेष योगदान रहा।

